समूहन क्रिया क्या है Agglutination in hindi

एन्टीजन एन्टीबॉडी की समूहन क्रिया  ( Agglutination in hindi )

जब कण स्वरूप का एन्टीजन एन्टीबॉडीज के साथ आदर्श तापक्रम , pH व विद्युत अपघट्यों की उपस्थिति में मिलता है तो ये कण गुच्छ या समूह बना लेते हैं ।

(A) Rh⁺ लाल रक्ताणु , (B) अपूर्ण एन्टीबॉडी के साथ मिलाने पर , (C) एन्टीबॉडी का रक्ताणुओं पर लेपित ना होना , (D) अपूर्ण होने की स्थिति में समूहन का न होगा , (E) एन्टीग्लोबुलिन सीरम के मिलाने पर समूहन होना

अवक्षेप की अपेक्षा यह क्रिया अधिक संवेदनशील होती है । यह क्रिया नेत्रों के द्वारा सूक्ष्मदर्शी से कोशिकाओं के मध्य स्पष्टत : देखी जा सकती है । चूंकि अधिकतर कोशिकाएँ विद्युत आवेश युक्त होती हैं अत : एन्टीबॉडीज से मिलने पर समूहन का प्रदर्शन करती हैं । रक्त समूह की जाँच हेतु इस क्रिया की सहायता लेते हैं । उदाहरण के तौर पर रक्त समूह A की लाल कणिकाओं को एन्टी A सीरम में स्लाइड पर रखने पर समूहन की क्रिया होती है जिसे सूक्ष्मदर्शी द्वारा देखा जा सकता है । यह क्रिया जीवाणुओं के लिये भी की जाती है । विभिन्न रोगों की जाँच जैसे टाइफॉइड हेतु विडाल परीक्षण , ब्रुसेलोसिस हेतु ब्रुसेला परीक्षण इसी आधार पर किया जाता है । यह परीक्षण परखनलियों में किये जाते हैं ।

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